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रावण संहिता परिचय

रावण का पूरा जीवन चरित्र. (Shree Ram Pariwar) रावण संहिता: रावण संहिता, भारतीय साहित्य का एक महत्वपूर्ण अंश है, जो लंकापति रावण द्वारा रचा गया था। यह एक प्राचीन हिन्दी ग्रंथ है, जो तंत्र, ज्योतिष, रसायन, वास्तुशास्त्र, और आयुर्वेद के विभिन्न पहलुओं पर आधारित है। इस आर्टिकल में, हम रावण संहिता के विभिन्न पहलुओं को समझेंगे और इसका महत्वपूर्ण योगदान समझेंगे। **रावण संहिता का इतिहास और स्थान:** रावण संहिता का नाम सुनते ही हमारे मन में एक प्राचीन ग्रंथ का चित्र उत्पन्न होता है, जिसमें लंकेश्वर रावण भगवान शिव से ज्ञान का अद्वितीय समापन करते हैं। रावण ने अपने योग्यता और ज्ञान के साथ भगवान शिव से मिलकर विभिन्न कला और विद्याओं की बातचीत की थी, जिसे हम अब रावण संहिता के रूप में जानते हैं। इसका इतिहास साहित्यिक और धार्मिक दृष्टिकोण से बहुत रोचक है, क्योंकि रावण संहिता में रावण राजा के रूप में उभरते हैं, जो हिन्दू पौराणिक कथाओं में विद्वेषपूर्ण चरित्र के रूप में जाने जाते हैं। रावण का रूप और उसका साहित्यिक महत्व इस ग्रंथ को और भी रूचिकर बनाते हैं। **रावण संहिता के विषय:** रावण संहिता व...

रावण संहिता Ravan Samhita Book Pdf असली प्राचीन रावण संहिता हिंदी में

असली प्राचीन रावण संहिता हिंदी में.  (Shree Ram  Pariwar) नमस्कार मित्रों इस वीडियो मैंने हमने आप सभी को रावण संहिता उपलब्ध करवाई है जिसके अंदर आपको रावण से संबंधित सभी प्रकार के रहस्य, साधनाएं, और जानकारी देखने को मिलेगी। रावण एक महान साधक था साथ में उसने  कई सारी साधना सिद्ध कर रखी थी। और उन्ही साधना को उसने रावण संहिता में उपलब्ध करवाया है। इस पुस्तक में कई सारी अद्भुत जानकारी और साधना देखने को मिलती है साथ ही कुछ खतरनाक प्रयोग प्रयोग मिलते है इन प्रयोगों को बिना गुरु के न करे। पुस्तक बिल्कुल निशुल्क उपलब्धि करवाई गई है। असली प्राचीन रावण संहिता हिंदी में ‘रावण संहिता’ (Ravan Samhita in Hindi) एक प्राचीन ग्रन्थ है। लंकापति दशानन रावण सभी शास्त्रों का जानकार और श्रेष्ठ विद्वान था। रावण ने ज्योतिष, तन्त्र, मन्त्र जैसी अनेक पुस्तकों की रचना की थी। इन्हीं में से एक रावणसंहिता है। रावण संहिता में रावण ने बिल्व पत्र पूजन का विशेष महत्व बताया है। ज्योतिषशास्त्रियों के अनुसार रावण संहिता के अध्याय 4 में बिल्व वृक्ष से सम्बन्धित बातों का उल्लेख किया है। दशानन रावण परम विद्वान त...

वास्तु दोष निवारण पुस्तक. Vastu dosh nivaaran book Pdf

नमस्कार मित्रों,  इस पोस्ट में हमने सभी सदस्यों को वास्तु दोष निवारण से संबंधित पुस्तक उपलब्ध करवाई है। अगर आपके घर में कोई भी परेशानी आ रही है, घर में माहौल खराब होता जा रहा है, बीमारी बहुत ज्यादा समय से घर में चल रही है, हार्दिक स्थिति करके अच्छी नहीं हो रही, घर के सदस्यों की उन्नति नहीं हो रही तो एक बार जरूर आप इस पुस्तक को प्राप्त करके पढ़िएगा कहीं आपके घर में भी वास्तु दोष न हो और अगर आपके घर में वास्तु दोष है तो इस पुस्तक को पढ़कर इसमें बताए गए सरल उपाय को करके आप उसे वास्तु दोष का निवारण कर सकते हो आपके घर में कोई भी तोड़फोड़ करने की आवश्यकता नहीं होगी। Shree Ram Priwar   वास्तु दोष घर में सभी कार्यों को लगातार बाधित करते रहते हैं। व्यक्ति का भाग्य साथ नहीं देता है, इन सभी समस्याओं के निदान के लिए यह जान लेना बहुत जरूरी है कि वास्तु दोषों के लक्षण क्या होते हैं और इनसे छुटकारा कैसे पाया जा सकता है। वास्तु दोष को अधिकतर उत्तर भारत में अधिक मान्यता दी जाती है। वास्तु शास्त्र के जनक कहे जाने वाले विश्वकर्मा ने वास्तु दोषों के लक्षण और उसके निवारण के बारे में अच्छी तरह से व...

पराशर संहिता पुस्तक |Parasara Samhita pdf

नमस्कार मित्रों, इस पोस्ट में हम आपको महान ऋषि पराशर के द्वारा लिखित पराशर संहिता उपलब्ध करवा रहे हैं। इसके बारे में सारी जानकारी नीचे प्रदान की गई है आप कृपया ध्यान से पढ़िएगा। श्री हनुमान जी धर्म्प्राण भारतवर्ष के आबाल वृध्द देवता हैं | हम सभी इनको स्वामिभक्ति के प्रतीक के रूप में जानते है | हम इनके विषय में जो भी जानते है उसका स्तोत्र है रामायण | यह महाकाव्य़ आदिकवि वाल्मीक के व्दारा रचा गया है | और इसी रामायण को आधार बनाकर बाद के समय में अनेक भाषाओं में इसका रुपान्तरण किया गया है | इस महाकाव्य में रघुकुल के राजा एवं दशरथ के पुत्र श्रीराम का जीवनवृत्त का वर्णन दिया हुआ है | किन्त भारतवर्ष में अधिकतर लोगों को इस रामभक्त हनुमान के अन्य आयामों के विषय में जानकारी ही नहीं है | भगवान हनुमान के जीवन के आयाम अनन्त है | वे त्रेता में श्रीराम के साथ थे | व्दापर में भी थे | और इस कलि में भी है | और आगे भी रहेंगे | और आने वाले कल्प में वही ब्रह्मा अर्थात सृष्टिकर्ता होंगे | इस तरह अनन्त आयामों से युक्त हनुमान जी के अनेक आयामों का वर्णन महर्षि पराशर की ‘पराशसंहिता’ में उपलब्ध है| पराशसंहिता महर...

मेरु तंत्र पुस्तक बिल्कुल फ्री Meru tantra Book pdf

नमस्कार मित्रों इस पोस्ट में हम आप सभी को मेर तंत्र पुस्तक उपलब्धि करवा रहे हैं। जो की तंत्र की एक बहुत ही रहस्यमय और अच्छे पुस्तक है। इसके अंदर आपको तंत्र की बहुत ही अद्भुत साधनाएं देखने को मिलती है। यह पुस्तक बिल्कुल फ्री आपको उपलब्ध करवाई जा रही है। इसलिए आप इसे प्राप्त कर सकते हैं। नीचे आपको पुस्तक डाउनलोड करने को मिल जाएगी आप चाहे तो वीडियो में भी सारी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। महाकालेनयत्प्रोक्तम्पञ्चमीमुक्तिसाधनम्। सर्वेषांम्मेरुतां यातन्तत्तन्त्रं मेरुसञ्जितम्।। जो यह महाकाल द्वारा कहा गया पञ्चमीमुक्ति साधन जहाँ मध्यमणि की तरह गुम्फित है वह तन्त्र मेरुतन्त्र के नाम से जाना जाता है। कलियुग में मनुष्य अल्पायु होता है। वह केवल शिश्नोदर परायण रहता है ऐसे में मृत्यु के उपरांत वह प्रेत योनि में ही भटकता रहता है। ऐसे कलियुग के पशुओं के उत्थान के लिए भगवान महाकाल ने मुक्ति के साधनों को तन्त्र के मध्यमणि या मेरु की तरह गुम्फित कर दिया है। भगवान शिव के द्वारा भगवती गौरी व देवों को कैलाश पर्वत पर यह उपदिष्ट है। इसमें तंत्र साधना के समस्त पक्षों का सम्यक् वर्णन है। सामान्यतया दक्षिणमार्...

हनुमान उपासना पुस्तक बिल्कुल फ्री Hanuman upasana book pdf #shree_ram_privar

नमस्कार मित्रों  इस पोस्ट में हमने आपको हनुमान जी से संबंधित एक पुस्तक उपलब्ध करवाई है जिसका नाम है हनुमान उपासना। इस पुस्तक के अंदर आपको हनुमान जी के सभी प्रकार के कवच, स्तोत्र, स्तवन  आदि देखने को मिलेंगे। इस पुस्तक में हनुमान जी के सभी स्वरूपों के बारे में जानकारी प्राप्त होती है। सभी स्वरूपों के स्त्रोत, कवच, चालीसा आदि आपके पूरे विस्तार से देखने को मिलते हैं। बजरंग बाण, हनुमान चालीसा, संकट मोचन हनुमान, हनुमान जी की आरती, पंचमुखी हनुमान की आरती, पंचमुखी हनुमान के कवच, स्तोत्र आदि इस पुस्तक में आपको देखने को मिलेंगे। सारी जानकारी पुस्तक में प्रदान कर दी गई है इसलिए आप पुस्तक को प्राप्त कर सकते हैं पुस्तक बिल्कुल निशुल्क नीचे उपलब्ध करवा दी गई है। सूचना: हमें उम्मीद है, कि आपको श्री राम परिवार की यह पोस्ट पसंद आई होगी। आप इस पोस्ट को आगे share करके हमे सहयोग जरूर प्रदान करे। आपका बहुत आभार ।।  👁 ध्यान देंः यह भी पढ़ेंः  धरती में गड़ा धन पाने का सबसे सरल और 100% कारगर उपाय।।  " "  शाबर मंत्र सागर भाग-२ पुस्तक PDF Download ;" कृपया हमारे चैनल को सब्सक्राइ...

चरक संहिता भाग 2 Charak Samhita Vol-2 Pdf

चरक संहिता भाग 2 नमस्कार मित्रों इस पोस्ट में मैंने आप सभी लोगों को चरक संहिता पुस्तक का भाग 2 बिल्कुल फ्री में उपलब्ध कराई है। पुस्तक नीचे उपलब्धि करवाई गई है आप पुस्तक प्राप्त करने से पहले पुस्तक से संबंधित जानकारी पढ़ लीजिए। चरकसंहिता आयुर्वेद का एक प्रसिद्ध ग्रन्थ है। यह संस्कृत भाषा में है। इसके उपदेशक अत्रिपुत्र पुनर्वसु, ग्रंथकर्ता अग्निवेश और प्रतिसंस्कारक चरक हैं। चरकसंहिता और सुश्रुतसंहिता आयुर्वेद के दो प्राचीनतम आधारभूत ग्रन्थ हैं जो काल के गाल में समाने से बचे रह गए हैं। भारतीय चिकित्साविज्ञान के तीन बड़े नाम हैं - चरक, सुश्रुत और वाग्भट। चरक संहिता, सुश्रुतसंहिता तथा वाग्भट का अष्टांगसंग्रह आज भी भारतीय चिकित्सा विज्ञान (आयुर्वेद) के मानक ग्रन्थ हैं। चरकसंहिता की रचना दूसरी शताब्दी से भी पूर्व हुई थी। यह आठ भागों में विभक्त है जिन्हें 'स्थान' नाम दिया गया है (जैसे, निदानस्थान)। प्रत्येक 'स्थान' में कई अध्याय हैं जिनकी कुल संख्या १२० है। इसमें मानव शरीर से सम्बन्धित (तत्कालीन) सिद्धान्त, हेतुविज्ञान, अनेकानेक रोगों के लक्षण तथा चिकित्सा वर्णित है। चरकसंहिता...

चरक संहिता पुस्तक बिल्कुल फ्री। Charak Samhita Pdf Book Download

नमस्कार मित्रों इस पोस्ट में मैंने आप सभी लोगों को चरक संहिता पुस्तक बिल्कुल फ्री में उपलब्ध कराई है। पुस्तक नीचे उपलब्धि करवाई गई है आप पुस्तक प्राप्त करने से पहले पुस्तक से संबंधित जानकारी पढ़ लीजिए। चरकसंहिता आयुर्वेद का एक प्रसिद्ध ग्रन्थ है। यह संस्कृत भाषा में है। इसके उपदेशक अत्रिपुत्र पुनर्वसु, ग्रंथकर्ता अग्निवेश और प्रतिसंस्कारक चरक हैं। चरकसंहिता और सुश्रुतसंहिता आयुर्वेद के दो प्राचीनतम आधारभूत ग्रन्थ हैं जो काल के गाल में समाने से बचे रह गए हैं। भारतीय चिकित्साविज्ञान के तीन बड़े नाम हैं - चरक, सुश्रुत और वाग्भट। चरक संहिता, सुश्रुतसंहिता तथा वाग्भट का अष्टांगसंग्रह आज भी भारतीय चिकित्सा विज्ञान (आयुर्वेद) के मानक ग्रन्थ हैं। चरकसंहिता की रचना दूसरी शताब्दी से भी पूर्व हुई थी। यह आठ भागों में विभक्त है जिन्हें 'स्थान' नाम दिया गया है (जैसे, निदानस्थान)। प्रत्येक 'स्थान' में कई अध्याय हैं जिनकी कुल संख्या १२० है। इसमें मानव शरीर से सम्बन्धित (तत्कालीन) सिद्धान्त, हेतुविज्ञान, अनेकानेक रोगों के लक्षण तथा चिकित्सा वर्णित है। चरकसंहिता में भोजन, स्वच्छता, रोगों...

माँ विन्ध्येश्वरी की सबसे सरल साधना विधि || Maa Vindhyavasini Sadhana vidhi माँ विन्ध्येश्वरी साधना

माँ विन्ध्येश्वरी साधना  सरल विधान .  (Shree Ram Pariwar) नमस्कार मित्रों  हमारे एक सदस्य ने हमसे माँ विन्ध्येश्वरी साधना मांगी थी। उनके घर में बहुत ज्यादा समस्या आ रही थी। उनके ऊपर तंत्र बाधा हो रही हैं इसलिए वो माता रानी की साधना करना चाहते है जिससे उने माता का आशीर्वाद मिलं सके। विन्ध्येश्वरी देवी, जिन्हें विन्ध्यवासिनी भी कहा जाता है, सनातन धर्म में मां दुर्गा के प्रमुख रूपों में से एक हैं। विन्ध्य पर्वत पर स्थित इनका मंदिर भारत के प्रमुख शक्तिपीठों में गिना जाता है। यह पूजा न केवल भक्तों को मानसिक शांति प्रदान करती है, बल्कि उनकी सभी मनोकामनाएं भी पूरी करती है। माँ विन्ध्येश्वरी साधना एवं मंत्र तुरंत सफलता के लिए माँ विंध्यवासिनी की पूजा करना चाहिए। शास्त्रों में माँ विंध्यवासिनी की रहस्यमयी तांत्रिक साधना वर्णित है। यह साधना अत्यंत गोपनीय है। इसके माध्यम से किसी भी कार्य में तुरंत सफलता प्राप्त होती है। दूसरे शब्दों में कहें तो तुरंत सफलता प्राप्ति के लिए विंध्यवासिनी साधना उपयोगी होती है। इस साधना को करने के बाद आपकी सभी मनोकामना पूर्ण हो जाएगी और जीवन के है क्षेत्...