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श्री कृष्णा यामलं महातन्त्रम pdf download


यह ग्रंथ भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं पर आधारित ग्रंथ है। इस ग्रंथ में आपको भगवान श्री कृष्ण की लीलाओं के साथ-साथ माता त्रिपुर सुंदरी की उपासना विधि भी देखने को मिलेगी। इस ग्रंथ में आपको चैतन्य संप्रदाय के प्रभाव देखने को मिलेंगे क्योंकि इस ग्रंथ का जो लेखन कार्य चैतन्य संप्रदाय के शुरुआती समय में ही हुआ है।
इस ग्रंथ के लेखक अज्ञात हैं उनका कोई भी पता नहीं है। इस ग्रंथ के प्रारंभ में चैतन्य महाप्रभु द्वारा प्रवर्तित भक्ति के सिद्धांतों का परिचय देखने को मिलता है , ग्रंथ के अंतिम अध्याय में सचि सेतु का नाम देखने को मिलता है इससे प्रतीत होता है कि यह ग्रंथ चेतन संप्रदाय की साधना पद्धति को लक्ष्य करके लिखा गया है।

इस ग्रंथ में आपको चैतन्य संप्रदाय से जुड़ी हुई जानकारी भी देखने को मिलेगी। जिससे कि आपको एक अलग ही नजरिया देखने को मिलेगा और आपके जो विचार हैं वह और भी ज्यादा विस्तारित हो जाएंगे। इस ग्रंथ को पढ़ने से आपको कई प्रकार की बहुत अच्छी जानकारी देखने को मिलेगी साथ ही साथ आपके जो विचार हैं आपके जो सोचे वह भी एक अलग ही स्तर पर पहुंच जाएगी।

इस ग्रंथ के 23 अध्याय हैं जो कि 5 मातृका ओ को मिलाकर बनाया गया है।

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